अब 360 अंकों की होगी एडेड महाविद्यालयों के प्राचार्य भर्ती परीक्षा, उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग ने जारी किया पाठ्यक्रम
पिछली भर्ती में 100 नंबर की परीक्षा, 20 अंकों का था इंटरव्यू
नई भर्ती में 360 अंकों की परीक्षा, 40 नंबर का होगा साक्षात्कार
प्रयागराज। प्रदेश के 330 अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में छह साल बाद होने जा रही प्राचार्य भर्ती के लिए लिखित परीक्षा अब 360 अंकों की होगी। उच्च शिक्षा शिक्षा निदेशालय की ओर से उत्तर प्रदेश सेवा चयन आयोग को प्राचार्य के 111 रिक्त पदों की सूचना भेजी गई है। इसकी भर्ती के लिए विज्ञापन जुलाई के दूसरे सप्ताह तक जारी होने की संभावना है। उससे पहले चयन आयोग ने प्राचार्य भर्ती की लिखित परीक्षा का पाठ्यक्रम वेबसाइट पर जारी कर दिया है। नई परीक्षा में काफी बदलाव किए गए हैं।
चयन आयोग ने प्राचार्य भर्ती के लिए 360 अंकों की लिखित परीक्षा और 40 नंबर के साक्षात्कार का प्रावधान किया है। इसमें सामान्य अध्ययन के 40 और प्रशासनिक क्षमता के 80 प्रश्न होंगे। प्रत्येक प्रश्न का सही जवाब देने पर तीन अंक मिलेंगे। इससे पहले उत्तर प्रदेश उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग ने 2019 में प्राचार्य के 290 पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन संख्या 49 जारी की थी। उसमें 100 अंकों की लिखित परीक्षा और 20 नंबर का साक्षात्कार था। लिखित परीक्षा में सामान्य अध्ययन के 30 और प्रशासनिक क्षमता के 70 सवाल पूछे गए थे और प्रत्येक एक-एक अंक के थे। इस प्रकार प्राचार्य की नई भर्ती में पिछली बार 20 सवाल अधिक पूछे जाएंगे।
गलत जवाब पर अब कटेंगे एक तिहाई अंक
संशोधित परीक्षा योजना में चयन आयोग ने किसी प्रश्न का गलत जवाब देने पर एक नंबर (पूर्णांक का एक तिहाई) काटने का प्रावधान किया है। इससे पहले आयोजित परीक्षा में एक चौथाई नेगेटिव मार्किंग थी। विज्ञापन 49 में गलत जवाब देने पर दशमलव दो पांच अंक काटने का प्रावधान किया था।
प्रारूप : सामान्य स्तर के होंगे 50 प्रतिशत प्रश्न
प्राचार्य भर्ती का पाठ्यक्रम तैयार करने के लिए पांच सदस्यीय समिति गठित की गई थी। समिति ने जो प्रारूप तैयार किया है उसमें लिखित परीक्षा के कुल 120 प्रश्नों में से 20 प्रतिशत सवाल बहुत कठिन स्तर के होंगे। 50 प्रतिशत प्रश्न औसत और 30 फीसदी प्रश्न कठिन स्तर के होंगे। समिति के संयोजक सदस्य प्रो. राज नारायण शुक्ला हैं जबकि सदस्य के रूप में डॉ. रोहिताश सिंह, डॉ. विनोद कुमार सिंह, डॉ. कृष्ण चन्द्र वर्मा, डॉ. राधा कृष्ण शामिल हैं।
0 comments:
Post a Comment