टीजीटी अभ्यर्थियों को टीईटी पास करने का मिलेगा मौका, 30 जून 2027 के पहले पास करनी होगी टीईटी, शीघ्र परीक्षा कराने का निर्देश
अभ्यर्थियों ने 19 दिनों तक किया था आंदोलन, मुख्यमंत्री से मिला था आश्वासन
प्रयागराज। प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक (टीजीटी) भर्ती के लिए अभ्यर्थियों को राहत मिली है। टीजीटी के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पास करने का मौका दिया गया है। इन अभ्यर्थियों को 30 जून 2027 तक टीईटी पास करना अनिवार्य होगा।
अब माध्यमिक शिक्षा निदेशालय नए अर्हता को तैयार करते हुए उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को पुनः अधियाचन भेजेगा। इसके पहले भी शिक्षा निदेशालय की ओर से 17,740 पदों के लिए आयोग को अधियाचन भेजा गया था। अभ्यर्थियों ने नई नियमावली से परीक्षा कराए जाने का विरोध करते हुए आंदोलन शुरू कर दिया था। मुख्यमंत्री ने एक मौका दिए जाने का आश्वासन दिया था।
उत्तर प्रदेश शासन के विशेष सचिव डॉ. अशोक कुमार कनौजिया की ओर से उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा निदेशक व उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को पत्र भेजा है। पत्र में कहा गया है कि टीजीटी पदों की अर्हता के संबंध में टीईटी पास करने की अर्हता पहली बार लागू किए जाने का निर्णय लिया गया है। ऐसी स्थिति में आने वाली टीजीटी की भर्ती में अभ्यर्थियों को यह छूट दी जाए कि 30 जून 2027 तक उनके पास टीईटी उत्तीर्ण होने का वैध प्रमाण पत्र उपलब्ध हो।
जारी आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि 'चयन सूची में सम्मिलित होना अथवा चयनित घोषित किया जाना अपने आप में नियुक्ति पाने का अधिकार प्रदान नहीं करेगा। नियुक्ति पत्र जारी किया जाना अन्य निर्धारित अर्हताओं की पूर्ति एवं अभिलेखों के सत्यापन के अधीन हागा।' वहीं, दूसरी ओर से उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के सचिव को भेजे गए पत्र में निर्देशित किया गया है कि टीईटी की परीक्षा जल्द कराई जाए।
टीजीटी भर्ती जल्द, चयनितों को आठ महीने तक मौका
टीईटी अनिवार्यता के कारण अभ्यर्थियों को सरकार ने दी राहत नई भर्ती में चयनित 30 जून तक 2027 तक कर सकेंगे टीईटी
प्रयागराज । टीजीटी भर्ती में टीईटी अनिवार्य किए जाने के बीच सरकार ने अभ्यर्थियों को राहत दी है। शासन के विशेष सचिव डॉ. अशोक कुमार कनौजिया ने उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के सचिव को पत्र लिखा है कि टीजीटी भर्ती के अभ्यर्थी के पास 30 जून 2027 तक संबंधित पद के लिए निर्धारित शैक्षिक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण करने का वैध प्रमाण-पत्र होना अनिवार्य होगा। चयन सूची में सम्मिलित होने अथवा चयनित घोषित होने के बावजूद नियुक्ति पाने का अधिकार तब तक नहीं होगा जब तक कि वे टीईटी पास नहीं कर लेते।
सरकार ने (प्रशिक्षित स्नातक) टीजीटी की अर्हता में टीईटी उत्तीर्ण करने की अर्हता पहली बार लागू करने का निर्णय लिया है। लिहाजा टीजीटी की आगामी भर्ती में अभ्यर्थियों को यह छूट दी जा रही है कि अभ्यर्थी के पास 30 जून तक टीईटी उत्तीर्ण करने का वैध प्रमाण-पत्र हो। नई भर्ती के विज्ञापन में इस शर्त को शामिल किया जाएगा।
दरअसल नियमावली संशोधन के बाद टीईटी कराने में कम से कम तीन महीने लग जाएंगे और उसके बाद ही टीजीटी का विज्ञापन जारी होगा। वहीं सरकार विधानसभा चुनाव से पहले टीजीटी के 17740 पदों का विज्ञापन करना चाहती है। यही कारण है कि 30 जून 2027 तक टीईटी करने की छूट दी जा रही है।
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