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Friday, January 11, 2019

प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए केंद्र निर्धारण में नहीं चलेगी मनमानी, ग्रेडिंग के आधार पर बनेंगे परीक्षा केंद्र

5:57:00 PM


इन पर रहेगा बैन

अभ्यर्थी इसका रखें ध्यान
राजधानी में 60 हजार अभ्यर्थी होंगे शामिल, बनाए गए 115 केंद्र
...फिर होगी सूची की जांच
कमिटी मेंे एसएसपी और डीआईओएस भी होंगे शामिल
डीएम की अध्यक्षता में गठित कमिटी तय करेगी केंद्रों का ग्रेड

नलकूप चालक परीक्षा आज, लगेगी बायोमीट्रिक उपस्थिति

 एनबीटी, लखनऊ : उत्तर प्रदेश माध्यमिक संस्कृत शिक्षा परिषद की ओर से संस्कृत बोर्ड परीक्षाएं मार्च में शुरू हो सकती हैं। परिषद कार्यालय में शुक्रवार को परीक्षा समिति की बैठक बुलाई गई। इसमें प्रथमा से उत्तर मध्यमा (कक्षा आठ से 12) तक की परीक्षाएं करवाने की तारीख पांच मार्च प्रस्तावित की गई। हालांकि, इस पर फाइनल मुहर 24 जनवरी को होने वाली बैठक में लगेगी। 

बैठक में बोर्ड सचिव दीप चंद, अपर शिक्षा निदेशक साहब सिंह निरंजन, उप्र संस्कृत अकैडमी के अध्यक्ष डॉ. वाचस्पति मिश्र, बाबा दौलत गिरी संस्कृत महाविद्यालय दुगावां के प्राचार्य विनोद कुमार मिश्र सहित अन्य पदाधिकारी शामिल हुए।
संस्कृत बोर्ड परीक्षाएं पांच मार्च से!• परीक्षा केंद्र पर सुबह 8:00 से 9:30 बजे तक बायोमीट्रिक डिवाइस से चेकिंग होगी। अभ्यर्थी दो घंटे पहले पहुंचें।• सुबह 9:30 बजे के बाद प्रवेश नहीं।• प्रवेश पत्र के साथ लानी होगी आईडी प्रूफ (आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट, पैन कार्ड, वोटर आईडी) की मूल और फोटोकॉपी।

लखनऊ में डीआईओएस डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने बीते सितंबर में स्कूलों की ग्रेडिंग की थी। इसमें उन्होंने करीब 224 स्कूलों के ग्रेड तय किए थे। दावा किया गया कि इन्हीं में से परीक्षा केंद्र बनाए जाएंगे, लेकिन दो परीक्षाओं में बने केंद्रों पर नकल का खेल पकड़े जाने पर फिर से सूची की जांच करवाने की बात कही है।

• एनबीटी, लखनऊ 

प्रदेश में होने वाली आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए केंद्रों के निर्धारण में मनमानी नहीं चलेगी। अब वही स्कूल-कॉलेज परीक्षा केंद्र बनाए जाएंगे, जिनकी ग्रेडिंग होगी। पिछली दो परीक्षाओं में केंद्रों पर पकड़े गए नकल के खेल के बाद शासन ने यह निर्णय लिया है। स्कूलों की ग्रेडिंग डीएम की अध्यक्षता में कमिटी करेगी। इसमें एसएसपी, डीआईओएस भी शामिल होंगे। इस संबंध में शासन ने अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं।

प्रतियोगी परीक्षाओं का केंद्र बनाने को लेकर बड़े पैमाने पर खेल चलता है। डीआईओएस कार्यालय की मिलीभगत से मानक पूरा न करन वाले और बोर्ड परीक्षा के दौरान विवादों में रहने वाले स्कूलों को केंद्र बना दिया जाता है। राजधानी में बीते दो प्रतियोगी परीक्षाओं में एसटीएफ ने ऐसे ही नकल के खेल को पकड़ा था, जिसमें केंद्रों की मिलीभगत पाई गई। इसी के बाद शासन ने तय किया है कि अब प्रदेश भर में भविष्य में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए केंद्रों का निर्धारण ग्रेडिंग के आधार पर किया जाएगा। स्कूलों की जांच कर समिति ग्रेड ए, बी,सी और डी के आधार पर उनका मूल्यांकन करेगी।• एनबीटी, लखनऊ: उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की ओर से 12 जनवरी को नलकूप चालक (सामान्य चयन) परीक्षा-2016 का आयोजन किया जाएगा। परीक्षा में फर्जी अभ्यर्थियों पर नकेल कसने के लिए आयोग ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। शहर में 60 हजार अभ्यर्थी 

परीक्षा देंगे।

आंग्ल भारतीय विद्यालय उप्र की सह निरीक्षक रीता सिंह ने बताया कि राजधानी में परीक्षा के लिए 115 केंद्र बनाए गए हैं। परीक्षा सुबह 10:00 से 11:30 बजे तक होगी। आयोग की ओर से हर केंद्र पर अभ्यर्थियों की उपस्थिति के लिए बायोमीट्रिक मशीन लगाई गई है। केंद्रों में परीक्षा के दौरान बायोमीट्रिक डिवाइस से परीक्षार्थियों की चेकिंग की जाएगी। उन्होंने बताया कि एक सेक्टर मैजिस्ट्रेट को तीन केंद्रों की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा हर केंद्र पर एक-एक स्टैटिक मैजिस्ट्रेट भी लगाए गए हैं।

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